सैलरी पर आप कितना पर्सनल लोन पा सकते हैं, जानिए

How Much Personal Loan You Can Get on Your Salary?

– पर्सनल लोन पर मंजूर की गई लोन की राशि हमेशा आपकी आय पर निर्भर करती है.

– ज्यादा आय होने से आपको ज्यादा पर्सनल लोन मिलने के चांस बढ़ जाते हैं.

– एक अच्छा क्रेडिट स्कोर भी आपको बेहतर दरों पर शानदार डील पाने में मदद करता है.

लोग विभिन्न जरूरतों को ध्यान में रखते हुए पर्सनल लोन के लिए अप्लाई करते हैं. विभिन्न जरूरतों के लिए अलग-अलग लोन की राशि की जरूरत होती है और एक सवाल हमेशा आवेदक के सामने आता है कि कितनी लोन राशि वे पर्सनल लोन के जरिए पा सकते हैं? जवाब आसान है, पर्सनल लोन की राशि हमेशा आपकी आय पर निर्भर होती है. ऐसा इसलिए क्योंकि आय एक बड़ा कारक होता है, जो आपकी चुकाने की क्षमता तय करता है.

पर्सनल लोन असुरक्षित लोन होते हैं, जिसका मतलब है कि आपको इसे लेने के एवज में कोई चीज गिरवी नहीं रखनी पड़ेगी. लिहाजा पर्सनल लोन एप्लिकेशन को मंजूर करने से पहले कर्जदाता यह सुनिश्चित करते हैं कि आपमें चुकाने की क्षमता है और लिहाजा जो लोन राशि वे आपको देते हैं, वह आपकी आय पर निर्भर करती है. यही वजह है कि पर्सनल लोन की अन्य सुरक्षित लोन की तुलना में ज्यादा ब्याज दरें होती हैं.

आपकी सैलरी पर कितना पर्सनल लोन अप्रूव होगा?

ऐसा कोई पैमाना या कोई खास क्राइटेरिया नहीं है, जो तय करे कि आपकी सैलरी पर कितना पर्सनल लोन अप्रूव होगा.  लेकिन लोन की राशि मंजूर की गई लोन राशि हर कर्जदाता की अलग-अलग होती है और सख्ती से आवेदक की प्रोफाइल पर निर्भर करती है.

ये कुछ फैक्टर्स हैं, जो तय करते हैं कि आपके लिए कितना पर्सनल लोन अप्रूव होगा:

आय: जैसा कि ऊपर हमने बताया कि आय वह है, जिस पर लोन अप्रूवल डिपेंड करता है. जितना ज्यादा आप कमाते हैं, उतनी ही ज्यादा पर्सनल लोन मिलने की उम्मीद ज्यादा होगी. इसके अलावा जितनी ज्यादा आपकी आय होगी, उतनी ही ज्यादा आपको लोन की राशि मिलेगी.

जॉब की स्थिरता: जॉब स्थिरता भी एक अहम कारक है, जो तय करता है कि आप लोन की राशि भविष्य में चुका पाएंगे या नहीं. मान लीजिए कि आप अच्छा पैसा कमाते हैं लेकिन नौकरी की कोई स्थिरता नहीं है, आपकी नौकरी जा सकती है या फिर आप कम कमाते हैं, ऐसी स्थितियां कभी भी आपको चपेट में ले सकती हैं. इन वजहों से कर्जदाता आपको ज्यादा राशि देने में झिझक सकते हैं.

कर्ज से आय का अनुपात: आपका कर्ज से आय का अनुपात संकेत देता है कि ईएमआई चुकाने के बाद कितनी राशि आपके पास बचती है. कर्जदाता ऐसे ग्राहकों को लोन देना जोखिमभरा मानते हैं, जिनका आय अनुपात के लिए ज्यादा लोन होता है.

आपका CIBIL स्कोर: आपका CIBIL स्कोर आपकी रीपेमेंट हिस्ट्री को दर्शाता है. आपके सभी पुनर्भुगतान और पेमेंट हिस्ट्री उधारदाताओं के लिए बहुत काम के हैं क्योंकि वे इसके माध्यम से आपकी चुकौती क्षमता तय करते हैं. जिस शख्स का CIBIL कम होता है, उसे अंतिम तवज्जो दी जाती है. साथ ही जो लोन राशि आपके लिए मंजूर की जाती है, वह औरों की तुलना में कम होती है.

ये कुछ बुनियादी पैमाने हैं, जो तय करते हैं कि पर्सनल लोन में आपको कितनी राशि मिलेगी. ध्यान रहे कि पिछले डिफॉल्ट की वजह से आपको मनचाही लोन राशि मिलने के चांस कम हो सकते हैं.

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