एप्लिकेशन से लेकर अकाउंट में राशि तक, जानिए कैसे मिलता है पर्सनल लोन

पर्सनल लोन का प्रोसेस:

पिछले कुछ वर्षों में पर्सनल लोन की डिमांड तेजी से बढ़ी है. शादी के खर्चे, मेडिकल के खर्चे, घर रेनोवेशन, कोई बड़ी खरीद या कर्ज चकबंदी के लिए पर्सनल लोन एक बेहतर विकल्प है.

ये है पर्सनल लोन की मंजूरी प्रक्रिया

चूंकि पर्सनल लोन एक असुरक्षित लोन होता है इसलिए इसमें आपको कोई चीज गिरवी रखनी नहीं पड़ती. इसकी वितरण प्रक्रिया भी बहुत आसान और तेज है. पर्सनल लोन की प्रक्रिया को तीन भागों में बांटा जा सकता है- आवेदन, मंजूरी और वितरण.

पर्सनल लोन एप्लिकेशन

ग्राहक ऑनलाइन या फिर खुद बैंक जाकर पर्सनल लोन के लिए अप्लाई कर सकते हैं. पर्सनल लोन के एप्लिकेशन फॉर्म को पूरी तरह से भरने के बाद कर्जदाता आपकी लोन एप्लिकेशन का कुछ मिनटों या घंटों में मूल्यांकन करेगा. कर्जदाता आपकी पर्सनल और फाइनेंशियल इन्फॉर्मेशन को चेक करेगा. इसमें घर का पता, फोन नंबर, रोजगार, इनकम फ्लो और क्रेडिट हिस्ट्री शामिल हैं. प्री-अप्रूव्ड आवेदकों को तो कुछ ही सेकंडों में पर्सनल लोन मंजूर हो जाता है.

पर्सनल लोन की मंजूरी

अगर आपके दिए हुए सभी दस्तावेज सही पाए गए तो कर्जदाता आपको लोन दे देगा. लोन मंजूर होने के बाद कर्जदाता आपको मंजूरी का लेटर भेजेगा, जिसमें आपके पर्सनल लोन की जानकारी जैसे लोन अमाउंट, इंट्रस्ट रेट, लोन की अवधि व उसके नियम व शर्तें लिखे होंगे.

कैसे इंस्टेंट पर्सनल लोन आपके सपने पूरे करने में मदद कर सकता है

पर्सनल लोन का वितरण

लोन अप्रूव होने के बाद 24 घंटे के भीतर ही कर्जदाता लोन की राशि आपके अकाउंट में भेज देगा. कर्जदाता आपको कुरियर के जरिए चेक या डिमांड ड्राफ्ट भेजेगा या फिर आप बैंक जाकर भी इसे ले सकते हैं. कुछ मामलों में, लोन की राशि NEFT के जरिए आपके बैंक अकाउंट में भेज दी जाती है. जो लोन राशि आपको मिलती है, वो आपके अनुरोध से कम होती है. लोन राशि का वितरण इन फैक्टर्स पर आधारित होगा:
– लोन टाइप
– सर्विस टैक्स
– प्रोसेसिंग फीस
– अपफ्रंट पेमेंट

कर्जदाता की ओर से पुष्टि

लोन की राशि वितरित होने के बाद, कर्जदाता आपको पुष्टि का ईमेल या आपके पते पर वेलकम किट के साथ हार्ड कॉपी भेजता है. इस किट में ईएमआई कैलेंडर, लोन समरी और रीपेमेंट शेड्यूल के अलावा पर्सनल लोन की जानकारी होती है. लोन चुकाने की जानकारी वाली टेबल से आप रीपेमेंट शेड्यूल के साथ-साथ मूल राशि व ब्याज पर मासिक पेमेंट पता कर सकते हैं.

अगर आप पहले भी कर्जदाता से लोन ले चुके हैं तो आप प्री-अप्रूव्ड कस्टमर्स की लिस्ट में होते हैं. ऐसे ग्राहकों को कर्जदाता इंस्टेंट पर्सनल लोन ऑफर्स देते हैं, जिसमें किसी दस्तावेज, सब्मिशन या वेरिफिकेशन की जरूरत नहीं पड़ती.

लोन रीपेमेंट प्रोसेस

लोन की राशि आपके अकाउंट में आने के बाद आप तय नियम व शर्तों के मुताबिक लोन चुकाते हैं. आप पोस्ट-डेटेड चेक (पीडीसी), इलेक्ट्रॉनिक क्लीयरिंग सर्विसेज (ईसीएस) और एनएसीएच (नेशनल ऑटोमेटेड क्लियरिंग हाउस) के जरिए भी लोन चुका सकते हैं.

अगर आपने उसी बैंक से लोन लिया है, जिसमें आपका खाता है तो आप बैंक को यह निर्देश भी दे सकते हैं कि इस तारीख पर लोन की ईएमआई कट जाए. लेकिन अगर दूसरे बैंक से आपने लोन लिया है तो बैंक अन्य पेमेंट के तरीकों से भी भुगतान स्वीकार कर लेगा. अगर आप पर्सनल लोन को नियमित तौर पर चुकाते हैं तो आपका क्रेडिट स्कोर और बेहतर होगा.

पर्सनल लोन लेने से पहले इन बातों पर करें विचार, फायदे में रहेंगे

Be the first to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published.


*